लोकल कुंग फू.. देखी है क्या..
अभी-अभी खबर मिली है कि असम के एक युवा अनुभवहीन केनी बासुमत्यारी ने 'लोकल कुंग फू' नाम की एक फिल्म सिर्फ 95,000 रुपये में बनाई है. इस युवा ने फ़िल्में देखकर एक पटकथा लिखी, जिसे कोई निर्माता सुनना भी नहीं चाहता था।
उसके जोश को देखकर उसकी मां ने अपने जीवन की संचित संपत्ति 60,000 रुपये उसे दिए और परिवार परिवार के अन्य सदस्यों से 35,000 रुपये लिए। इस तरह कुल जमा पूंजी 95,000 में से उसने कैनन 550 डी नाम का डिजिटल कैमरा 44,000 में ख़रीदा और अन्य उपकरणों पर खर्च करने के बाद उसके पास मात्र 28,000 बचे।
उसने जैकी चेन की फिल्मों की तर्ज़ पर कुंग फू मार्शल आर्ट की फिल्म नवसिखिए युवाओं को लेकर बनाई और नायिका संगीता नायर, जो वहां रेडियो की न्यूज़ रीडर थीं, को मात्र 3,000 रुपये दिए। अन्य किसी कलाकार ने फिल्म के लिए कोई पैसा नहीं लिया।
एक शहर के कुछ स्थानों पर शूटिंग करके फिल्म बनाई गई, जिसे पीवीआर मल्टीप्लेक्स के मालिकों ने पसंद किया और इसके डिजिटाइजेशन इत्यादि पर खर्च दो लाख का आया। अब चुनिंदा शहरों में फिल्म दिखाने की योजना है।
इस तस्वीर का दूसरा पहलू ये है कि दुबई में हैप्पी न्यू ईयर की शूटिंग के लिए अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के साथ उनकी शारीरिक कसरत की शिक्षक उनके साथ गए थे जिनका दैनिक मेहनताना 35,000 रुपये है और रहने इत्यादि के खर्च मिलाकर संभवतः 90,000 रुपये प्रतिदिन होगा।
मतलब ये है कि ठान लिया जाए तो कुछ भी मुश्किल नहीं है। असम के केनी की तरह कुछ युवा सार्थक प्रयास करें तो भारतीय सिनेमा का चेहरा बदला जा सकता है। केनी को इस फिल्म के लिए बधाई।
साभार: जयप्रकाश चौकसे, फिल्म समीक्षक





lajavab
जवाब देंहटाएंकाफी इच्छा है इस देशी कुंग फू को देखने की...कृप्या टिप्पणी मॉडरेशन हटा लें टिप्पणी करने में आसानी होगी..
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